वीनस अल्सर (Venous Ulcer): पैरों का ऐसा घाव जो आसानी से नहीं भरता – कारण, लक्षण, जटिलताएँ और आधुनिक उपचार

वीनस अल्सर (Venous Ulcer): पैरों का ऐसा घाव जो आसानी से नहीं भरता – कारण, लक्षण, जटिलताएँ और आधुनिक उपचार

लेखक:
डॉ. मनोहर एल. दवाँ
वरिष्ठ आचार्य एवं विभागाध्यक्ष
जनरल, लेप्रोस्कोपिक एवं लेज़र सर्जन
S.P. Medical College & PBM Hospital, बीकानेर


परिचय

क्या आपके पैर में, विशेषकर टखने (Ankle) के आसपास, ऐसा घाव है जो कई सप्ताह या महीनों से ठीक नहीं हो रहा? क्या उसके साथ सूजन, दर्द, त्वचा का काला पड़ना या पानी निकलने की समस्या भी है?

ऐसा घाव वीनस अल्सर (Venous Ulcer) हो सकता है। यह पैरों की नसों (Veins) की खराब कार्यक्षमता के कारण बनने वाला एक क्रॉनिक (दीर्घकालिक) घाव है। यदि समय पर उपचार न किया जाए तो यह बार-बार संक्रमण, लगातार दर्द और चलने-फिरने में कठिनाई का कारण बन सकता है।


वीनस अल्सर क्या है?

वीनस अल्सर ऐसा घाव है जो पैरों की नसों में रक्त के सही ढंग से वापस हृदय तक न पहुँच पाने के कारण बनता है। जब नसों के वाल्व (Valves) खराब हो जाते हैं, तो रक्त पैरों में जमा होने लगता है। इससे नसों का दबाव बढ़ता है और त्वचा तथा आसपास के ऊतकों को पर्याप्त ऑक्सीजन और पोषण नहीं मिल पाता। परिणामस्वरूप त्वचा कमजोर होकर घाव में बदल जाती है।

लगभग 70–80% लंबे समय तक न भरने वाले पैर के घाव वीनस अल्सर होते हैं।


वीनस अल्सर के प्रमुख कारण

  • वैरिकोज़ वेन्स (Varicose Veins)

  • क्रॉनिक वेनस इंसफिशिएंसी (Chronic Venous Insufficiency)

  • पहले डीप वेन थ्रॉम्बोसिस (DVT) होना

  • लंबे समय तक खड़े रहना

  • मोटापा

  • बढ़ती उम्र

  • गर्भावस्था

  • पैरों में पुरानी सूजन

  • धूम्रपान

  • व्यायाम की कमी


किन लोगों में जोखिम अधिक होता है?

✔ 50 वर्ष से अधिक आयु

✔ लंबे समय तक खड़े रहने वाली नौकरी

✔ मोटापा

✔ परिवार में वैरिकोज़ वेन्स का इतिहास

✔ पहले DVT हो चुका हो

✔ बार-बार गर्भधारण

✔ मधुमेह या धूम्रपान (घाव भरने की क्षमता कम हो सकती है)


वीनस अल्सर के लक्षण

शुरुआत में पैरों में सूजन और त्वचा में बदलाव दिखाई देते हैं। बाद में घाव विकसित हो सकता है।

सामान्य लक्षण

  • टखने के आसपास न भरने वाला घाव

  • पैरों में सूजन

  • भारीपन या दर्द

  • त्वचा का भूरा या काला पड़ना

  • खुजली या एक्जिमा

  • घाव से पानी या स्राव निकलना

  • दुर्गंध (संक्रमण होने पर)

  • लंबे समय तक खड़े रहने पर दर्द बढ़ना

  • पैर ऊपर रखने पर आराम मिलना


यदि समय पर इलाज न कराया जाए तो क्या हो सकता है?

वीनस अल्सर धीरे-धीरे गंभीर रूप ले सकता है।

संभावित जटिलताएँ

1. बार-बार संक्रमण (Recurrent Infection)

घाव में बैक्टीरिया प्रवेश कर संक्रमण फैला सकते हैं।

2. सेल्युलाइटिस (Cellulitis)

त्वचा और नीचे के ऊतकों में गंभीर संक्रमण हो सकता है।

3. घाव का बड़ा होना

समय के साथ अल्सर का आकार बढ़ सकता है और दर्द भी अधिक हो सकता है।

4. लगातार दर्द और दुर्गंध

संक्रमण होने पर जीवन की गुणवत्ता प्रभावित होती है।

5. बार-बार रक्तस्राव

घाव या आसपास की नसों से रक्तस्राव हो सकता है।

6. चलने-फिरने में कठिनाई

दर्द और सूजन के कारण दैनिक गतिविधियाँ प्रभावित होती हैं।

7. दुर्लभ लेकिन गंभीर जटिलता

बहुत लंबे समय तक बने रहने वाले कुछ अल्सर में त्वचा के कैंसर (Marjolin's Ulcer) का जोखिम बढ़ सकता है, इसलिए पुराने घावों की नियमित चिकित्सा जांच आवश्यक है।


वीनस अल्सर का निदान कैसे किया जाता है?

उचित उपचार के लिए पहले यह पता लगाना जरूरी है कि घाव का कारण क्या है।

आवश्यक जांचें—

  • Clinical Examination

  • Duplex Colour Doppler Ultrasound (सबसे महत्वपूर्ण)

  • ABI (Ankle Brachial Index) – यदि धमनियों की बीमारी का संदेह हो

  • रक्त शर्करा (Blood Sugar)

  • घाव का कल्चर (संक्रमण होने पर)

  • आवश्यक होने पर बायोप्सी


उपचार के आधुनिक विकल्प

उपचार का उद्देश्य केवल घाव भरना नहीं बल्कि उसके मूल कारण का इलाज करना है।

1. Compression Therapy

वीनस अल्सर के उपचार का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा।

  • Compression Bandage

  • Compression Stockings

यह नसों के दबाव को कम करने और घाव भरने में सहायता करता है।


2. नियमित ड्रेसिंग

आधुनिक ड्रेसिंग सामग्री द्वारा—

  • संक्रमण नियंत्रण

  • नमी का संतुलन

  • तेजी से घाव भरने में सहायता


3. संक्रमण का उपचार

यदि संक्रमण हो तो चिकित्सक की सलाह अनुसार एंटीबायोटिक दी जाती हैं।


4. Varicose Veins का उपचार

यदि अल्सर का कारण वैरिकोज़ वेन्स हैं, तो उनका उपचार आवश्यक है।

  • Endovenous Laser Treatment (EVLT)

  • Radiofrequency Ablation (RFA)

  • Foam Sclerotherapy

  • Open Surgery (चयनित मामलों में)


5. Debridement

मृत ऊतक (Dead Tissue) हटाकर घाव को भरने के लिए तैयार किया जाता है।


6. Skin Grafting

बड़े या लंबे समय से न भर रहे घावों में त्वचा प्रत्यारोपण (Skin Grafting) की आवश्यकता हो सकती है।


मरीज क्या करें?

✔ पैरों को दिन में कई बार हृदय के स्तर से ऊपर रखें।

✔ लंबे समय तक खड़े रहने से बचें।

✔ Compression Stockings डॉक्टर की सलाह अनुसार पहनें।

✔ रोजाना पैदल चलें।

✔ वजन नियंत्रित रखें।

✔ धूम्रपान छोड़ें।

✔ घाव की सफाई और ड्रेसिंग नियमित कराएँ।


बचाव के उपाय

  • वैरिकोज़ वेन्स का समय पर उपचार कराएँ।

  • नियमित व्यायाम करें।

  • लंबे समय तक लगातार खड़े या बैठे न रहें।

  • पैरों को समय-समय पर ऊँचा रखें।

  • वजन नियंत्रित रखें।

  • फाइबर युक्त संतुलित भोजन लें।

  • मधुमेह और रक्तचाप नियंत्रित रखें।


निष्कर्ष

वीनस अल्सर केवल एक साधारण घाव नहीं है। यह पैरों की नसों की गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है। केवल ड्रेसिंग कराने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होता। यदि मूल कारण—जैसे वैरिकोज़ वेन्स या वेनस इंसफिशिएंसी—का उपचार नहीं किया गया, तो घाव बार-बार हो सकता है।

समय पर विशेषज्ञ सर्जन से परामर्श, डॉप्लर जांच, उचित ड्रेसिंग, कम्प्रेशन थेरेपी और आवश्यकता अनुसार आधुनिक लेज़र या अन्य उपचार से अधिकांश मरीजों में घाव सफलतापूर्वक भर सकता है और पुनः होने की संभावना कम की जा सकती है।


परामर्श हेतु

डॉ. मनोहर एल. दवाँ
वरिष्ठ आचार्य एवं विभागाध्यक्ष
जनरल, लेप्रोस्कोपिक एवं लेज़र सर्जन

???? S.P. Medical College & PBM Hospital, बीकानेर

???? परामर्श समय (केवल अपॉइंटमेंट द्वारा)
3:00 PM – 6:00 PM (सोमवार से शनिवार)

???? 7375073171
???? www.drdawan.com

 

 

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